स्वामी राम विशाल दास महाराज की प्रेस वार्ता

अजय वर्मा, अश्वनी वर्मा

हरिद्वार। रामविशाल दास महाराज ने श्री गंगा सभा अध्यक्ष नितिन गौतम एवं तीर्थ पुरोहित उज्जवल पंडित के बयान पर पलटवार किया है। प्रैस क्लब में पत्रकार वार्ता के दौरान स्वामी रामविशाल दास महाराज ने कहा कि वे एक्स मुस्लिम यात्रा के ना तो संयोजक हैं, ना ही आयोजक हैं। वे केवल मुस्लिम से हिंदू बने लोगों का सम्मान करने पहुंचे थे। लेकिन श्री गंगा सभा अध्यक्ष नितिन गौतम ने उन्हें कालनेमि कहकर संतों का अपमान किया है। रामविशाल दास ने कहा कि संत बनने के बाद वे संत परंपरांओं का पूरी तरह पालन कर रहे हैं। संतों के प्रचार प्रसार के चलते ही पूरे देश से लोग हरकी पैड़ी आते हैं। एक संत को कालनेमि बताने वाले व्यक्ति को श्री गंगा सभा का अध्यक्ष रहने का कोई अधिकार नहीं है। श्री गंगा सभा को नितिन गौतम व उज्जवल पंडित को तुरंत बाहर करना चाहिए। स्वामी रामविशाल दास ने गंगा सभा अध्यक्ष को डिबेट की चुनौती भी दी और कहा कि यदि किसी के टोपी पहनने पर आपत्ति थी तो मौके पर इसे रोका जा सकता था। लेकिन कार्यक्रम के दौरान किसी ने कोई आपत्ति नहीं जतायी। बाद में विवाद खड़ा किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि संतों के अपमान के इस मुद्दे को लेकर बुधवार को संत समाज की बैठक आयोजित की गयी है। बैठक में आगे की रणनीति तय की जाएगी। बैठक के दौरान विनोद महाराज ने कहा कि एक्स मुस्लिम शब्द इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए। सनातन हिंदू संस्कृति में विश्वास जताकर हिंदू धर्म अपना चुके लोगों को अब हिंदू ही कहा जाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि संतों को कालनेमि कहने का किसी कोई अधिकार नहीं है। स्वामी देवानंद ने कहा कि किसी भी तरह के आरोप लगाने से पहले सत्यता जाननी चाहिए। जिससे विवाद उत्पन्न ना हो।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!