अजय वर्मा, अश्वनी वर्मा
हरिद्वार। प्रसिद्ध श्री अवधूत मंडल आश्रम में महामंडलेश्वर अनंत विभूषित 1008 श्री संतोषानन्द महाराज के पतित पावन सानिध्य में एक विशाल संत भंडारे का आयोजन किया गया तथा संतो को कंबल विस्तृत किए गए इस अवसर पर अपने श्री मुख से बोलते हुए अनंत विभूषित महामंडलेश्वर 1008 श्री संतोषानन्द महाराज ने कहा इस संसार में जो मनुष्य अपने मन को निर्मल कर लेता है और उसमें दूसरों के प्रति सद्भावना और दया भाव बसा लेता है उसका यह मानव जीवन धन्य तथा सार्थक हो जाता है दान और सत्यकर्म कभी मिथ्या नहीं जाते उसका यह लोक तो सुधर ही देते हैं परलोक भी सुधार देते हैं।
