अजय वर्मा, अश्वनी वर्मा
देहरादून। शीतलहर, बाढ़, मॉक अभ्यास, हवाई यातायात सहायता की एस.ओ.पी., आपदा प्रबंधन विभाग के नववर्ष कैलेंडर 2026 एवं आपदा प्रबंधन हस्तपुस्तिका का विमोचन किया. कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने युवा आपदा मित्रों एवं वर्ष 2025 में आपदा के दौरान राहत एवं बचाव में सराहनीय कार्य करने वाले लोगों को सम्मानित भी किया. आपदा प्रबंधन के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया द्वारा उपलब्ध कराए गए चार वाहनों का भी मुख्यमंत्री ने फ्लैग ऑफ किया मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि आपदा प्रबंधन किसी एक विभाग की नहीं, बल्कि समस्त प्रशासन, स्थानीय निकायों, स्वयंसेवी संगठनों और आम जनता की सहभागिता आवश्यक है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में देश में आपदा जोखिम न्यूनीकरण को एक प्रमुख एजेंडा बनाया गया है. उत्तराखंड सरकार भी उन्हीं के मार्गदर्शन में आपदा प्रबंधन में आधुनिक तकनीकों को अपनाने पर विशेष जोर दे रही है. राज्य में ड्रोन सर्विलांस, जीआईएस मैपिंग, सैटेलाइट मॉनिटरिंग एवं अर्ली वार्निंग सिस्टम को सुदृढ़ बनाया जा रहा है. ऊंचाई वाले क्षेत्रों में सेंसर लगाने, डिजिटल मॉनिटरिंग सिस्टम एवं आधुनिक रैपिड रिस्पॉन्स टीमों के गठन जैसे कदमों से आपदा जोखिम को घटाया जा रहा है।
